क्रिकेट टूर्नामेंट के फाइनल में विवाद, अधूरा मैच छोड़ने वाली टीम को विजेता घोषित करने पर हंगामा

एडिटर इन चीफ: राजकुमार शर्मा
हापुड़। जनपद हापुड़ के गढ़मुक्तेश्वर क्षेत्र के गांव भैना में आयोजित श्री श्याम क्रिकेट टूर्नामेंट का फाइनल मुकाबला विवादों में घिर गया। सदरपुर और भैना की टीमों के बीच खेले गए फाइनल मैच में अंपायर के फैसलों और टूर्नामेंट समिति के निर्णय को लेकर खिलाड़ियों में नाराजगी सामने आई है।
जानकारी के अनुसार, फाइनल मुकाबले में सदरपुर की टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए भैना की टीम के सामने 101 रनों का लक्ष्य रखा। लक्ष्य का पीछा करने उतरी भैना टीम की ओर से खेल रहे एक बल्लेबाज को अंपायर ने रन आउट करार दे दिया। भैना टीम के खिलाड़ियों ने इस फैसले पर आपत्ति जताई और आरोप लगाया कि बल्लेबाज को गलत तरीके से आउट दिया गया।
हालांकि, टूर्नामेंट समिति ने अंपायर के फैसले को अंतिम निर्णय बताते हुए इसे मानने की बात कही। इसके बाद मैच के दौरान एक और विवाद खड़ा हो गया। भैना टीम के एक अन्य बल्लेबाज के मामले में गेंद को लेकर विवाद हुआ। भैना टीम के खिलाड़ियों का कहना था कि गेंद नो-बॉल थी, जबकि विपक्षी टीम ने इसे आउट करार दिया।
इस फैसले को लेकर दोनों टीमों के बीच सहमति नहीं बन सकी। इसी बीच सदरपुर टीम ने अंपायर के निर्णय पर नाराजगी जताते हुए मैच पूरा होने से पहले ही मैदान छोड़ दिया और वापस लौट गई।
विवाद तब और बढ़ गया जब आरोप लगाया गया कि अगले दिन टूर्नामेंट समिति ने अधूरे मैच के बावजूद मैदान छोड़कर जाने वाली सदरपुर टीम को विजेता घोषित कर दिया और उसे पुरस्कार भी दे दिया।
इस निर्णय के बाद क्षेत्र के खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में नाराजगी है। खिलाड़ियों का कहना है कि क्रिकेट जैसे खेल में निष्पक्ष निर्णय और नियमों का पालन सबसे जरूरी होता है। यदि अधूरे मुकाबले में किसी टीम को विजेता घोषित किया जाता है तो इससे खिलाड़ियों के मनोबल पर असर पड़ता है।
स्थानीय खिलाड़ियों ने टूर्नामेंट समिति से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोबारा निर्णय लेने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसे विवादों से बचा जा सके और खेल भावना बनी रहे।



