आज 25 मई को गंगा दशहरा, ज्योतिर्विद पंडित सुबोध पाण्डेय से जानिए स्नान और दान का शुभ मुहूर्त

एडिटर इन चीफ: राजकुमार शर्मा
हापुड़। Shri Sanatan Jyotish Karmkand Mahasabha की ओर से गंगा दशहरा पर्व को लेकर श्रद्धालुओं के लिए विशेष जानकारी साझा की गई है। महासभा के प्रदेशाध्यक्ष ज्योतिर्विद पंडित सुबोध पाण्डेय ने बताया कि इस वर्ष गंगा दशहरा 25 मई 2026 दिन सोमवार को शास्त्रोक्त रूप से मनाया जाएगा।
महासभा के संरक्षक कमलेश कुमार घिल्डियाल, डॉ. वासुदेव शर्मा एवं आचार्य पंडित अखिलेश शर्मा के मार्गदर्शन में जारी संदेश में बताया गया कि गंगा दशहरा ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को मनाया जाता है। यह पर्व मां गंगा के धरती पर अवतरण का प्रतीक माना जाता है।
ज्योतिष गणना के अनुसार दशमी तिथि 24 मई की प्रातः 4:31 बजे से प्रारंभ होकर 26 मई की प्रातः 5:11 बजे तक रहेगी। निर्णय सिंधु, धर्मसिंधु और दृकगणित पंचांग के अनुसार 25 मई सोमवार को गंगा दशहरा मनाना सर्वोत्तम रहेगा।
ज्योतिर्विद पंडित सुबोध पाण्डेय ने बताया कि ब्रह्म मुहूर्त में प्रातः 4:30 बजे से 5:30 बजे तक गंगा स्नान, दान और पूजा का विशेष महत्व रहेगा। इसके अलावा अमृत चौघड़िया सुबह 5:25 बजे से 7:08 बजे तक तथा शुभ चौघड़िया सुबह 8:51 बजे से 10:34 बजे तक रहेगा।
उन्होंने कहा कि यदि श्रद्धालु गंगा घाट तक नहीं पहुंच पाते हैं तो घर पर गंगाजल मिले जल से स्नान कर दान और जप-पूजा कर सकते हैं।
महिला प्रदेशाध्यक्ष ज्योतिर्विद प्रीति पाण्डेय ने गंगा दशहरा की पौराणिक कथा का उल्लेख करते हुए बताया कि राजा सगर के 60 हजार पुत्रों के उद्धार के लिए राजा भगीरथ ने कठोर तपस्या की थी। उनकी तपस्या से प्रसन्न होकर मां गंगा धरती पर अवतरित हुईं और भगवान शिव ने अपनी जटाओं में उन्हें धारण कर पृथ्वी पर प्रवाहित किया। महासभा ने सभी देशवासियों को गंगा दशहरा की शुभकामनाएं देते हुए स्नान, दान और धर्म कार्य करने का संदेश दिया।



