डिप्टी CM ब्रजेश पाठक का बड़ा Action,पांच चिकित्साधिकारी सेवा से बर्खास्त

लखनऊ। स्वास्थ्य विभाग में लापरवाही और भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने पांच चिकित्साधिकारियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया है। इस फैसले के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। सरकार ने साफ संकेत दिए हैं कि भ्रष्टाचार और नियमों की अनदेखी करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
जानकारी के अनुसार, पीसीपीएनडीटी एक्ट के उल्लंघन के मामले में जांच के दौरान कई अनियमितताएं सामने आई थीं। जांच में दोषी पाए जाने के बाद डॉ. संजय शैवाल और Dr. Sanjay Verma के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश भी जारी किए गए हैं। दोनों अधिकारियों पर कानून के पालन में लापरवाही और प्रशासनिक जिम्मेदारियों में गंभीर अनियमितताओं के आरोप लगे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, एडीएम स्तर की जांच में कई तथ्य सामने आए, जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने सख्त रुख अपनाया। जांच रिपोर्ट में संबंधित अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध पाए जाने पर शासन स्तर से कार्रवाई का निर्णय लिया गया। सरकार का कहना है कि पीसीपीएनडीटी एक्ट का उल्लंघन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक लगातार स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्थाओं को सुधारने और भ्रष्टाचार पर रोक लगाने के लिए सख्त कदम उठा रहे हैं। इससे पहले भी कई अस्पतालों और अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता होनी चाहिए और किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों में हलचल तेज हो गई है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में और भी मामलों की जांच हो सकती है। वहीं आम लोगों ने सरकार के इस कदम का स्वागत करते हुए कहा है कि स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए ऐसी कार्रवाई जरूरी है।
फिलहाल विभागीय जांच आगे बढ़ाई जा रही है और संबंधित अधिकारियों से जवाब भी मांगा गया है। सरकार ने साफ किया है कि दोषियों के खिलाफ नियमों के तहत कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।



